छात्राओं ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से दिया नारी शक्ति का संदेश, शिक्षा, सुरक्षा और आत्मनिर्भरता के प्रति किया जागरूक

एटा। बालिकाओं की शिक्षा, सुरक्षा, आत्मनिर्भरता और अधिकारों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से रविवार को सेंट मैरी कॉन्वेंट स्कूल, चमकरी, आगरा रोड पर बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान एवं मिशन शक्ति फेज-5 के अंतर्गत जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।

कार्यक्रम का आयोजन मुख्यमंत्री की मंशा तथा महिला कल्याण विभाग, उत्तर प्रदेश के निर्देशों के क्रम में जिलाधिकारी के निर्देशन में जिला प्रोबेशन अधिकारी के नेतृत्व में किया गया। कार्यक्रम में चाइल्ड हेल्पलाइन टीम ने छात्र-छात्राओं को महिला सशक्तिकरण, बाल अधिकारों और सुरक्षा से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां दीं।

सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से दिया नारी शक्ति का संदेश

कार्यक्रम में छात्राओं ने विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियां पेश कीं। महिला सशक्तिकरण और नारी शक्ति पर आधारित प्रस्तुतियों ने उपस्थित लोगों का ध्यान आकर्षित किया। कार्यक्रम के माध्यम से बालिकाओं को शिक्षा के महत्व के साथ अपनी सुरक्षा, अधिकारों और आत्मनिर्भरता के प्रति सजग रहने का संदेश दिया गया।

आयोजकों ने कहा कि बालिकाओं को समान अवसर और बेहतर शिक्षा उपलब्ध कराकर ही उन्हें समाज की मुख्यधारा में सशक्त भूमिका निभाने के लिए तैयार किया जा सकता है।

शिक्षा से आत्मनिर्भर बनने की प्रेरणा

कार्यक्रम में महिला आयोग की सदस्य रेनू गौड़ ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए जीवन में शिक्षा और शिक्षकों की महत्वपूर्ण भूमिका पर प्रकाश डाला। उन्होंने बालिकाओं को शिक्षा के माध्यम से आत्मनिर्भर बनने और अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने के लिए प्रेरित किया।

उन्होंने कहा कि शिक्षा केवल ज्ञान प्राप्त करने का माध्यम नहीं, बल्कि आत्मविश्वास और आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ने का मजबूत आधार है।

कल्याणकारी योजनाओं की दी जानकारी

जिला प्रोबेशन अधिकारी अजयपाल सिंह ने विद्यार्थियों को विभाग द्वारा संचालित विभिन्न बाल एवं महिला कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने पात्र लाभार्थियों से योजनाओं का लाभ लेने के लिए जागरूक रहने की अपील की।

कार्यक्रम के दौरान बालिकाओं और बच्चों से जुड़े अधिकारों तथा सरकार द्वारा उपलब्ध कराई जा रही सहायता और सुरक्षा व्यवस्थाओं के बारे में भी जानकारी साझा की गई।

1098 चाइल्ड हेल्पलाइन की दी जानकारी

प्रभारी चाइल्ड हेल्पलाइन ज्योति शर्मा ने बच्चों को चाइल्ड हेल्पलाइन के टोल-फ्री नंबर 1098 के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि किसी भी बच्चे को परेशानी, हिंसा, शोषण, बाल विवाह अथवा असुरक्षा की स्थिति में चाइल्ड हेल्पलाइन के माध्यम से सहायता प्राप्त की जा सकती है।

उन्होंने बच्चों से किसी भी प्रकार की परेशानी या असुरक्षा की स्थिति में चुप न रहने और संबंधित लोगों अथवा हेल्पलाइन के माध्यम से मदद लेने की अपील की।

सुरक्षित और सशक्त समाज निर्माण का संदेश

कार्यक्रम में बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष आनंद पांडेय, डिस्ट्रिक्ट मिशन कोऑर्डिनेटर अंकिता सक्सेना, काउंसलर सपना तोमर, जेंडर स्पेशलिस्ट पूजा चौहान, विद्यालय की प्रिंसिपल सिस्टर धान्या, रिटायर्ड प्रिंसिपल सिस्टर रानी जोसेफ, वरिष्ठ शिक्षिकाएं नीलम भदौरिया एवं भारती यादव सहित विद्यालय के शिक्षकगण उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के अंत में विद्यार्थियों को बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान, महिला सशक्तिकरण, बाल अधिकार, बाल सुरक्षा और मिशन शक्ति के उद्देश्यों से अवगत कराया गया। साथ ही बालिकाओं को शिक्षा और समान अवसर उपलब्ध कराने तथा सुरक्षित, सम्मानजनक और सशक्त समाज के निर्माण में अपनी भूमिका निभाने का संदेश दिया गया।